महक की दुनिया 6

सौम्या और महक antarvasna उसी खयाल में खोई थी kamukta रिया: हेलो ….. सौम्या …सो गयी क्या …. सौम्या: हैलो …. रिया …. वो …. एक प्रॉब्लम हो गयी यार रिया : क्या हुवा …

फिर सौम्या ने उसे प्रॉब्लम बताई ……. रियाने कुछ सोच के उसे जवाब दिया …. वो बताती गयी …. और सौम्या सिर्फ हु …हा … करती रही …..

सौम्याने रिया को पूछा की उसने उसके भाई से उन दोनों के बारे में कुछ बात की या नहीं ?
उसपर रिया ने बताया की उसने सब सेट करवाया है … कल वो भाई को लेकर महक के यहाँ आ जाएँगी …..
सौम्या: वाह …. मेरी जान … क्या बात है …. कल तो बड़ा मजा आएगा ….
रिया: क्यों …. साली … तेरी वो अभि से पानी छोड़ रही है क्या
सौम्या: हा …रे …. देखना कल … महक और मै तेरे भाई को कच्चा खा जाएगी …
रिया: अरे रहने दो … देखना वो भी तुम दोनों को नानी याद दिलवाएगा
सौम्या: और मेरी जान … तू भी रेडी रहना …. मामाजी का लंड भी तेरे लिये बेताब हुआ जा रहा है ….
रिया: वो ..तो मै कल देखूंगी ….
सौम्या: अच्छा चल रख …. और मजे से चुदवा ले …
रिया: हा यार रखती हु …..

कॉल ख़तम होते होते दोनों लडकियों की हालत बहोत ख़राब हो गयी थी

सौम्या तो अपनी पँंटी में हाथ डालकर ऊँगली करने लगी थी …
वो आँखे मूंदे ..रिया के भाई के लंड की कल्पना करने लगी थी ….

और महक ने एक तकिये को अपनी दिनी जांघो के बिच लेकर वो उसपर ऐसे उछल रही थी की जैसे उसे चोद रही हो …..
जैसे वो तकिया नहीं …. तीय के रोहन भय्या का लंड हो …..

कुछ देर बाद दोनों जब फारिग हुयी …… तो सौम्या बोल पड़ी ….

सौम्या:चल महक जल्दी से तैयार हो जा …. हमें मेरे यहाँ जाना है ……
महक: किस लये ?
सौम्या: अब जादा सवाल न कर …… जल्दी जाना है ….
सौम्याने अपना फ़ोन उठाया ……. और एक नंबर लगाया ..
उधर बेल जा रही थी
उधर से : हेलो …. जी…
सौम्या:3० मिनिट में उसी जगह पहुचो …..
उधर से: जी पहुचता हु
और सौम्या ने फ़ोन कट किया …..

महक ने पूछा “किसे कॉल किया …”
सौम्या : सोनू को बुलाया है ….. मेरे यहाँ ….
महक: ओह …. सोनू ….. यार ….सौम्या … हमें पहले क्यों नहीं सुझा …..
सौम्या: हा यार …. मुझे भी रियाने बताने के बाद सुझा ….
महक:तो क्या ….. तू उससे चुदेगी …….
सौम्या: हां ….. मै तो कहती हु … तू भी चुदवा ले ….. अब कैसा पर्दा ….
महक: म्मम्म …हा यार … मै भी तैयार हु ……
सौम्या: तो चल जल्दी ……
वो दोनों फटाफट तैयार हो कर सौम्या के होस्टल के लिए निकल पड़ी ….