37 साल की सेक्सी आंटी

37 साल की सेक्सी Antarvasna आंटी

एक आंटी और भांजे की सेक्सी कहानी है.आंटी की उम्र 37साल भांजा की 21साल. भांजे का नाम नोट ओर्जिनल अज़ीम है.आ खानी सुनय अज़ीम की ज़बानी…….मैं और आंटी बहुत सोशल हैं बहुत मज़ाक और सेक्सी जोक्स भी करते रहते हैं मेगेर कभी भी सेक्स नहीं हुआ था.कई बार बूब्स के दर्शन डेचुकी हैं.मेगेर कभी हाथ में नहीं आए थे………….आ घटना मेरी ज़बानी सुनो बहुत मजा आजाएगा??मेरे मामा और आंटी हमारे घर के ही करीब थे उन की दो बीती थी शादी हो कर अपने सुसराल में हैं.मामा एक ड्राइवर हैं ओ हमेशा बाहर जाते रहते हैं उसे वाक़्त आंटी अपने घर में अकेली होती है सोने के लिए रात में मुझे साथ आंटी को बोल कर अपने घर ली जाती है,आंटी का फिगर पूचू मत बारे बारे बूब्स बड़ी गांड ज़रा मोटी ही है.

एक रात जब मैं आंटी के घर गया उसे वाक़्त आंटी नहा कर कपड़े बडेल रही थी जब वो दरवाजा खोली उसे वाक़्त ब्लाउज और पेटीकोट में थी एक दुपट्टा सहारे की लिए रख लिया था.मुझे वो सेक्सी नजरों से देख रही थी.मैं आंटी को पहली बार इस हालत में देखा था मैं अपने आप को खबू में रखा.हम दोनों टीवी देख रहते सेक्स सॉंग्स चल रहते इतने में पोवे चलगया.हम बैठ कर बातें करने लगे.

आंटी:अज़ीम तुम्हारी पढ़ाई कैसे चल रही है.

मैं:अच्छी चल रही है आंटी अगले महीने एग्ज़ॅम हैं.

मामी:कॉलेज में तुम्हारे साथ गर्ल्स भी पड़ती हैं.

मैं:हाँ आंटी साथ में ही पड़ती हैं मेगेर किसी से बात नहीं होती .

आंटी:क्यों बात नहीं होती तुम को कोई पसंद नहीं आई क्या.

मैं:नहीं आंटी आ बात नहीं है मुझे लाकियाँ से बात करना पसंद नहीं और वो भी कुछ खास नहीं हैं दुबली पतली काली जैसे ही ज्यादा कॉलेज में आती हैं.

आंटी:अच्छा तुम को मोटे मोटे पसंद हैं क्या, जो उन का साइज भी मोटा हूँ.मेरी जैसये आ बोलकेर ओ बाथरूम चली गयी जब वापस्स आई तू पोछा क्या जवाब है तुमहरा.

मैं:नहीं आंटी ऐसी कोई बात नहीं दुबली भी पसंद हैं मेगेर……….

आंटी: मेगेर क्या ? [उन का हाथ मेरे जांघों में फेयर रहा था.]
अज़ीम एक बात पूछूँ अगेर बुरा ना मैंने तू क्या तुम किसी को प्यार करते हो क्या तुम किसी को किए हो क्या तुम किसी को नंगा देखे हो.क्या तुम को अरमान होती है कुछ करने की.

मैं: आंटी अभी तक कुछ ऐसा मेरे साथ नहीं हुआ ,हाँ मैं बाय्फ्रेंड . देखा हूँ नंगी औरत को करते हुए.

आंटी :क्या करते हुआ शर्माओ मत खुल के बात करो? वैसे हम नयी नहीं हैं वैसे भी तुम कितने दीनों से मेरे वो देखने की कोशिश करते हो चुपके से मैं सब जानती हूँ मेरा हाथ अपने बूब्स पर रखते हुआ क्या तुम को आ मोटे पसंद हैं

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